यूपी में चुनावी झटके के बाद योगी आदित्यनाथ व दोनों उप मुख्यमंत्री दिल्ली तलब हो सकता है बड़ा फैसला|

नई दिल्ली-लोकसभा 2024इसके परिणाम आने के बाद में भाजपा को उत्तर प्रदेश में जोरदार झटका लगा है जहाँ पर बीजेपी को भारी मतों से जीत की उम्मीद थी वहीं पर बीजेपी ने अपनी 29 सीट गंवा दी है बताते चलें कि उत्तर प्रदेश में भाजपा को मात्र 33 सीटों पर ही जीत मिली है जबकि 2019 के आम चुनाव में भाजपा 62 सीटों पर उत्तर प्रदेश में विजयी हुई थी उन नतीजों को लेकर कई तरह के सवाल खड़े हो रहे हैं|

और भाजपा में मंथन का दौर जारी है हाइकमान इस हार का विश्लेषण भी कर रहा है इसी बीच पार्टी ने दिल्ली में संसद दल की मीटिंग भी बुलाई है इस बैठक में खास तौर पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री आदित्यनाथ को भी तलब किया गया है उनके साथ दोनों डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य, ब्रजेश पाठक को भी बुलाया गया है वहीं राज्य के अध्यक्ष भूपेंद्र चौधरी भी दिल्ली पहुंचे हैं|

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उत्तर प्रदेश की हार का किया जाएगा विश्लेषण

उत्तर प्रदेश में भारतीय जनता पार्टी की भीषण हार का विश्लेषण किया जाएगा और जो कमजोर प्रदर्शन हुआ है उसकी चर्चा की जाएगी बताते चलें कि उत्तर प्रदेश में हर के मंथन के बाद भाजपा के संसदीय दल की बैठक होगी इस बैठक में नरेंद्र मोदी को संसदीय दल का नेता चुना जाएगा यहाँ पर चुनावी नतीजों का मंथन भी हो सकता है संसदीय दल की मीटिंग संसद के सेंट्रल हाल में की जाएगी इस बैठक में भाजपा के सभी सांसद भी मौजूद रहेंगे दरअसल भाजपा को उम्मीद से बेहद कम सीटें प्राप्त हुई हैं|

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 बंगाल ,महाराष्ट्र ,तमिलनाडु, हरियाणा भाजपा में मचा बवाल

महाराष्ट्र भाजपा की भी बुधवार को मीटिंग सम्पन्न हुई जिसमें की देवेंद्र  ने डिप्टी सीएम के पद से इस्तीफ़े की पेशकश की है उनका यह कहना था कि राज्य में हमारा प्रदर्शन काफी खराब रहा इसकी जिम्मेदारी मैं लेता हूँ और हाई कमान से कहूंगा कि मुझे डिप्टी सीएम से पद मुक्त कर दिया जाए वहीं बंगाल में शुभेन्दु अधिकारी,दिलीप घोष और सुकांत मजुमदार के बीच घमासान की स्थिति बन चुकी है हरियाणा में तो राव इंद्रजीत सिंह ने साफ कहा है कि भाजपा में सबकुछ ठीक नहीं है गुरुग्राम लोकसभा सीट पर बहुत मुश्किल जीते राव ने यह कहा कि मेरे अपने लोग नहीं होते तो यह चुनाव में हार सकता था इससे  कुल मिलाकर यह अंदाजा लगाया जा रहा है कि ये तनाव की स्थिति अभी जारी है|